शामली। इंटरनेट मीडिया की रील अब केवल मनोरंजन का साधन नहीं रहीं, बल्कि वैवाहिक रिश्तों के लिए नई चुनौती बनती जा रही हैं। इंस्टाग्राम, स्नैपचैट और अन्य प्लेटफॉर्म पर रील बनाने और देखने की बढ़ती लत दांपत्य जीवन में तनाव, टकराव और अविश्वास की वजह बन रही है। हालात ऐसे बन रहे हैं कि बात काउंसलिंग से होती हुई तलाक तक पहुंचने लगी है।
शादी के शुरुआती दौर में बढ़ रही शिकायतें
जिले में शादी के महज दो महीने से लेकर एक साल के भीतर रिश्तों में दरार की शिकायतें ज्यादा सामने आ रही हैं। पिछले दो महीनों में ही पांच ऐसे मामले दर्ज हुए हैं, जिनमें पति-पत्नी के बीच विवाद की मुख्य वजह मोबाइल फोन और रील्स की लत बताई गई है। फिलहाल सभी मामलों में वन स्टॉप सेंटर पर काउंसलिंग के जरिए समझौते की कोशिश की जा रही है।
कोविड के बाद बढ़ा स्मार्टफोन, बढ़ने लगे विवाद
कोविड काल के बाद घर-घर में स्मार्टफोन की संख्या बढ़ी और अब यही आदत पारिवारिक विवाद की बड़ी वजह बनती जा रही है। शामली जिले के अलग-अलग थाना क्षेत्रों से पिछले दो महीनों में पांच शिकायतें दर्ज की गई हैं। इनमें कुछ शिकायतें पतियों की ओर से तो कुछ महिलाओं की तरफ से सामने आई हैं।
रील और लाइव पर रोक बनी विवाद की जड़
अधिकतर शिकायतें उन महिलाओं की ओर से सामने आ रही हैं, जो मूल रूप से बड़े शहरों की रहने वाली हैं। आरोप है कि जब सास या पति उन्हें रील बनाने या सोशल मीडिया पर लाइव आने से रोकते हैं, तो विवाद बढ़ जाता है। शिकायतों में कहा गया है कि ससुराल पक्ष मोबाइल फोन के इस्तेमाल पर पाबंदी लगाता है, जबकि महिलाएं मोबाइल के बिना खुद को असहज महसूस करती हैं।
सोशल मीडिया पर बातचीत को लेकर भी टकराव
कुछ महिलाओं ने शिकायत में यह भी कहा है कि उनके पति दिनभर स्नैपचैट और व्हाट्सएप पर बाहरी लड़कियों से बातचीत करते हैं, जिससे उन्हें पति के साथ रहने में परेशानी हो रही है। वहीं कुछ मामलों में पत्नियों का कहना है कि इंस्टाग्राम पर दोस्तों से बातचीत तक पर पति रोक-टोक करता है, जिससे वे तलाक का फैसला लेने तक पहुंच गईं।
रील्स का जुनून, पांच घर टूटने की कगार पर
पिछले तीन महीनों में जिले में ऐसे पांच मामले सामने आए हैं, जहां हंसता-खेलता परिवार केवल इंस्टाग्राम रील्स के जुनून के चलते टूटने की कगार पर पहुंच गया है। इन मामलों में कोई बड़ा घरेलू विवाद नहीं, बल्कि मोबाइल फोन का अत्यधिक उपयोग और वर्चुअल दुनिया में दिखावे की चाह मुख्य वजह बनी है।
घर की निजता हो रही सार्वजनिक, पतियों की शिकायत
पतियों का आरोप है कि उनकी पत्नियां घर के कामकाज और आपसी बातचीत से ज्यादा समय मोबाइल और वीडियो पोस्ट करने में दे रही हैं। दिनभर फोन में व्यस्त रहना और घरेलू निजी पलों को वीडियो के जरिए सार्वजनिक करना रिश्तों में कड़वाहट घोल रहा है। स्नैपचैट के फिल्टर और इंस्टाग्राम के म्यूजिक पर रील बनाने की सनक अब वैवाहिक जीवन पर भारी पड़ रही है।
काउंसलिंग के जरिए बचाने की कोशिश
वन स्टॉप सेंटर शामली की प्रभारी गजाला त्यागी के अनुसार, मोबाइल फोन और सोशल मीडिया के अत्यधिक उपयोग से जुड़े पांच नए मामलों में फिलहाल सुनवाई चल रही है। पति-पत्नी दोनों की काउंसलिंग कराई जा रही है, ताकि आपसी सहमति बन सके और रिश्ते को टूटने से बचाया जा सके।
